कोलौरा में पांच घरों में हुई लाखों की चोरी, आठ दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली पीड़ितों ने एसपी से लगाई न्याय की गुहार
कोलौरा में पांच घरों में हुई लाखों की चोरी, आठ दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली पीड़ितों ने एसपी से लगाई न्याय की गुहार

मुहम्मदाबाद गोहना (मऊ)
स्थानीय कोतवाली क्षेत्र के ग्राम कमालपुर कोलौरा में बीती 30 जुलाई की रात अज्ञात चोरों ने पांच घरों को निशाना बनाते हुए लाखों रुपये की संपत्ति पर हाथ साफ कर दिया। घटना को अंजाम दिए आठ दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस इस मामले में किसी निष्कर्ष तक नहीं पहुंच सकी है। निराश और आक्रोशित पीड़ितों ने गुरुवार को जिला मुख्यालय पहुंचकर पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र सौंपते हुए न्याय की गुहार लगाई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार 30 जुलाई की रात्रि अज्ञात चोरों ने एक के बाद एक पांच घरों में घुसकर सोने-चांदी के कीमती आभूषणों, नगदी और महत्वपूर्ण दस्तावेजों की चोरी कर ली। चोर दरवाजे तोड़कर और खिड़कियां काटकर घरों में दाखिल हुए। पीड़ितों का कहना है कि घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई, जिस पर स्थानीय कोतवाली में मुकदमा पंजीकृत भी किया गया। लेकिन घटना के आठ दिन बीत जाने के बावजूद न तो कोई गिरफ्तारी हुई और न ही चोरी का कोई सुराग मिल सका है।
पीड़ितों ने आरोप लगाया है कि पुलिस की ओर से इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। न तो स्थानीय पुलिस सक्रियता दिखा रही है और न ही क्राइम ब्रांच ने कोई ठोस पहल की है। चोरी से क्षुब्ध ग्रामीणों ने गुरुवार को एकजुट होकर जिला मुख्यालय पर पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग की कि चोरी गए सामान की शीघ्र बरामदगी कर चोरों को गिरफ्तार किया जाए, जिससे उन्हें न्याय मिल सके।
बताया जा रहा है कि चोरी की इस वारदात में जेवरात, चांदी के बर्तन, नगदी व जरूरी कागजात सहित करोड़ों रुपये की संपत्ति चोर उठा ले गए। एक महिला सरिता देवी ने बताया कि उनके घर से 2 लाख 20 हजार रुपये नगद, सोने का बड़ा मंगलसूत्र, तीन लॉकेट माला, कान के झुमके, अंगूठियां और चांदी के कई आभूषण चोरी हुए हैं। वहीं पीड़ित दीनदयाल सिंह के घर से सोने-चांदी के आभूषणों के साथ 30 हजार रुपये नकद और मकान के स्टांप पेपर तक ले जाया गया है। अन्य पीड़ितों के यहां से भी भारी मात्रा में आभूषण और नकदी चोरी की गई है।
घटना के बाद से ग्रामीणों में भय और आक्रोश का माहौल है। लोगों का कहना है कि यदि इतनी बड़ी चोरी के बाद भी पुलिस सक्रिय नहीं होती, तो आमजन कैसे सुरक्षित महसूस करेगा। पीड़ितों ने चेताया कि यदि शीघ्र कार्यवाही नहीं की गई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
अब देखना यह होगा कि पुलिस अधीक्षक द्वारा मामले में क्या त्वरित कदम उठाए जाते हैं और क्या पीड़ित परिवारों को जल्द न्याय मिल पाएगा, या यह मामला भी अन्य अज्ञात चोरी की घटनाओं की तरह फाइलों में ही दब कर रह जाएगा।
रिपोर्ट- अजीत पटेल, जिला ब्यूरो चीफ जनपद मऊ,समाचार तक



