सियाचिन से निकले प्रादेशिक सेना के जवानों का जनपद में गर्मजोशी से हुआ स्वागत
सियाचिन से निकले प्रादेशिक सेना के जवानों का जनपद में गर्मजोशी से हुआ स्वागत
ललितपुर
सियाचिन से निकले प्रादेशिक सेना के जवानों का एक महाविद्यालय में बड़े ही गर्मजोशी से भव्य स्वागत किया गया। महाविद्यालय के प्रबंधक कमलेश चौधरी के नेतृत्व में स्वागत किया गया। सियाचिन से अंडमान निकोबार दीप स्थित सबसे आखरी छोर इंदिरा पॉइंट के सफर पर निकला जवानों का दल सोमवार जनपद पहुँचा इस दौरान महाविद्यालय में प्रादेशिक सेना की यूनिट पहुंचने पर प्रबंधक कमलेश चौधरी एवं महाविद्यालय प्रबंधन समिति समस्त स्टाफ एनसीसी कैडेट्स की ओर से गर्म जोशी के साथ स्वागत किया गया। यात्रा पर निकले सभी जवानों का रात्रि विश्राम ललितपुर में ही रहेगा यात्रा पर निकले जवान एक दिन में 100 से 120 किलोमीटर का सफर साइकिल से पूरे जोश के साथ तय कर रहे हैं प्रादेशिक सेना के 75 साल पूरे होने के मौके पर सियाचिन से इंदिरा पॉइंट तक 21 जवान 5500 किलोमीटर की लंबी यात्रा साइकिल से तय कर रहे हैं 9 अक्टूबर 1949 को प्रादेशिक सेना की स्थापना की गई थी। प्रादेशिक सेना ने कई प्रमुख अभियानों में सक्रिय रूप से हिस्सा लिया है और वीरता तथा विशिष्ट पुरस्कार प्राप्त किए हैं प्रादेशिक सेना ने अब तक 92 हजार हेक्टेयर जमीन पर 9 करोड़ पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण में भी बड़ी भूमिका निभा रही है। जवानों के दल ने ललितपुर में भी पौधरोपण किया। अपनी पूरी यात्रा के दौरान टीम स्थानीय समुदायों ,पूर्व सैनिकों ,एनसीसी कैडेट भारतीय सेवा के दिग्गजों और युद्ध नायकों के परिवारों से जुड़ी रही है उन्होंने युवाओं को भारतीय सेवा में शामिल होने के लिए प्रेरित करने ,साहस की भावना को बढ़ावा देने और वृक्षारोपण पहल के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण पर जोर देने के लिए गतिविधियां भी आयोजित की है। निकोबार दीप समूह के दक्षिण की ओर इंदिरा पॉइंट पर इस यात्रा का समापन होगा। इस दौराम राज्यमंत्री मनोहर लाल पंथ व अपर जिलाधिकारी अंकुर श्रीवास्तव भी मौजूद रहे।

रिपोर्ट –रामकुमार पटेल।



