Uttar Pradesh; फसल बर्बादी ने छीनी किसान की जिंदगी
ओलावृष्टि और कर्ज के बोझ से टूटा किसान, पेड़ से लटकता मिला शव

ललितपुर
ललितपुर जिले के महरौनी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सैदपुर में कृषि संकट ने एक और किसान की जान ले ली। 60 वर्षीय किसान विजय सिंह ने खेत में बबूल के पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली, जिससे पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
परिजनों के अनुसार विजय सिंह पुत्र पहलवान सिंह बटाई पर जमीन लेकर खेती करते थे और खेत पर ही रहकर उसकी देखभाल करते थे। हाल ही में हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से उनकी पूरी फसल नष्ट हो गई थी, जिससे वे गहरे आर्थिक संकट में आ गए थे।
मृतक के पुत्र महेंद्र सिंह ने बताया कि रविवार सुबह जब वे खेत पहुंचे तो पिता का शव पेड़ से लटका मिला। उन्होंने बताया कि फसल बर्बाद होने और कर्ज के बढ़ते दबाव के कारण उनके पिता मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे।
परिजनों का कहना है कि किसान लंबे समय से आर्थिक तंगी और फसल नुकसान को लेकर चिंतित थे, लेकिन इस बार हालात पूरी तरह बेकाबू हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही महरौनी पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
यह घटना एक बार फिर क्षेत्र में किसानों की बदहाल स्थिति को उजागर करती है। बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से कई गांवों में फसलें तबाह हो चुकी हैं, जिससे किसान आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं।
स्थानीय किसानों ने प्रशासन से फसल बीमा का शीघ्र भुगतान और कर्ज राहत की मांग की है, ताकि ऐसे दर्दनाक हादसों को रोका जा सके।
रिपोर्ट – आर के पटेल
ललितपुर
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