Uttar Pradesh ; प्राइवेट स्कूलों पर क्यों सख्त हुए जिलाधिकारी
एल्बेंडाजोल टैबलेट नहीं खिलाने पर मान्यता रद्द करने की चेतावनी, 10 फरवरी को कृमि मुक्ति दिवस

झांसी
जनपद में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस फरवरी 2026 को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जिलाधिकारी मृदुल चौधरी ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि किसी भी प्राइवेट स्कूल या कॉलेज में बच्चों को एल्बेंडाजोल टैबलेट नहीं खिलाई जाती है तो संबंधित विद्यालय की मान्यता रद्द करने की कार्रवाई की जाएगी।
कलेक्ट्रेट नवीन सभागार में आयोजित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि आईसीएसई, आईएससी, सीबीएससी और यूपी बोर्ड से संबद्ध सभी निजी विद्यालयों में शत प्रतिशत बच्चों को दवा खिलाया जाना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि दवा खिलाने में किसी भी प्रकार की लापरवाही या आनाकानी को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषी विद्यालयों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने बताया कि 10 फरवरी 2026 को आयोजित राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के तहत जनपद में 1 वर्ष से 19 वर्ष से कम आयु के बच्चों और किशोरों को एल्बेंडाजोल टैबलेट खिलाई जाएगी। जनपद में कुल 9 लाख 33 हजार बच्चों को दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने निर्देश दिए कि दवाओं का समय से वितरण सुनिश्चित किया जाए और दवा विद्यालय परिसर में ही बच्चों को खिलाई जाए, किसी भी स्थिति में अभिभावकों को दवा देकर न भेजा जाए।
उन्होंने कहा कि आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर घर जाकर अभिभावकों को जागरूक करें, ताकि 10 फरवरी को सभी बच्चे स्कूल पहुंचें और कोई भी बच्चा दवा खाने से वंचित न रहे। जिलाधिकारी ने घुमंतु परिवारों के बच्चों के साथ साथ क्रेशर और कंस्ट्रक्शन साइट पर रह रहे बच्चों पर विशेष फोकस करने के निर्देश दिए।
बैठक में बताया गया कि पूर्व अभियान में प्राइवेट स्कूलों में केवल 67 प्रतिशत बच्चों को ही दवा खिलाई गई थी। इस वर्ष शत प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के लिए माइक्रो प्लान के अनुसार कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि जहां कम कवरेज रहा है, वहां एमओआईसी स्वयं निगरानी करते हुए दवा खिलाना सुनिश्चित करें।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालयों में प्रार्थना सभा के समय रोड सेफ्टी और नशा मुक्ति से संबंधित वीडियो के माध्यम से बच्चों को जागरूक करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिना लाइसेंस दुपहिया वाहन से स्कूल आने वाले बच्चों के मामले में अभिभावक और विद्यालय दोनों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस की बैठक में नोडल अधिकारी डॉ उत्सव राज ने बताया कि 1 से 2 वर्ष के बच्चों को आधी गोली, 2 से 3 वर्ष के बच्चों को पूरी गोली पीसकर तथा 3 से 19 वर्ष तक के बच्चों को पूरी गोली चबाकर खिलाई जाएगी, जिसके बाद अधिक मात्रा में पानी पीना आवश्यक होगा।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी मृदुल चौधरी ने प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत क्षय रोगियों को पोषण पोटली का वितरण भी किया। उन्होंने जनप्रतिनिधियों, शासकीय अधिकारियों और व्यापारिक संगठनों से टीबी मरीजों को गोद लेने की अपील की, ताकि उन्हें जल्द स्वस्थ कर समाज की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी जुनैद अहमद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ सुधाकर पांडेय, डीआईओएस श्रीमती रति वर्मा, एसीएमओ डॉ एन के जैन, जिला क्षयरोग अधिकारी डॉ यू एन सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, विद्यालय प्रबंधक और प्रधानाचार्य उपस्थित रहे।
रिपोर्ट – एड कमलेश कश्यप
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