WEBSTORY
आयोजनउत्तर प्रदेशताज़ा ख़बरधर्मस्वास्थ

Lalitpur; एक रक्तदाता एक जीवनरक्षक के समान होता है । जीवन बचाने में आपको कुछ भी खर्च नहीं करना पड़ेगा। आगे बढ़ें और रक्तदान करें। केवल अपना रक्तदान करके एक उद्धारकर्ता बनें- दीपक राठौर

दो रक्तवीरों ने किया अलग-अलग महिला मरीज को रक्तदान।।

ललितपुर

20260817-152325
20260817-152100
20260817-150957
20260817-145919
20260817-150655
20260817-144912
20260817-150247
20260817-145243
20260817-145547
20260817-144111
20260817-144650
20260817-144342
20260817-142629
20260817-143218
20260817-143842
20260817-121458
20260817-141549
20260817-141242
20260817-142848
20260817-115207
20260817-140453
20260817-140141
20260817-121037
20260817-122738
20260817-110430
20260817-141802
20260817-140843
20260817-120546
20260817-104010
20260817-105540
20260817-121852
20260817-111554
20260816-172557
20260817-105043
20260817-105328
20260817-104652
20260817-120141
20260823-124318

जय अम्बे रक्तदान समिति ललितपुर (रजि.) की तरफ से अजय साहू ने 52वीं बार और हर्ष प्रताप पटेल ने किया पहली बार महिला मरीजों को रक्तदान।
रक्त सबसे अमूल्य उपहारों में से एक है जो कोई व्यक्ति दूसरे को दे सकता है। इंसान को जिंदा रहने के लिए खून बेहद जरूरी है। कई बार दुर्घटना या किसी अन्य गंभीर बीमारी के कारण व्यक्ति को रक्त की आवश्यकता पड़ सकती है। और उस समय में जो लोग अपना रक्तदान करने के लिए आगे आते हैं वे वास्तविक जीवन के सुपर हीरो हैं।
इसी क्रम में जय अम्बे रक्तदान समिति ललितपुर (रजि.) की तरफ से ग्राम गुगरवारा गर्भवती महिला पूजा जो जिला महिला चिकित्सालय में भर्ती थी और चिकित्सक में उसे रक्त की कमी बताई महिला मरीज के परिजन पहले 2 यूनिट ब्लड अपने मरीज को दे चुके थे और डॉक्टर ने फिर से उनके मरीज के लिए एक यूनिट ब्लड के लिए कहा लेकिन महिला के परिजनों में अब कोई भी ब्लड देने वाला नहीं था जिससे वह सुबह से परेशान हो रहे थे। महिला मरीज के रिश्तेदार ने जब समिति के सदस्य को फोन करके बताया कि एक गर्भवती महिला है जिसे ब्लड की आवश्यकता है उसके परिवार वाले ब्लड दे चुके हैं और अब उनके परिवार में ब्लड देने वाला कोई नहीं है। तो समिति के सदस्य ने गर्भवती महिला मरीज को ब्लड उपलब्ध कराने के लिए अपने मित्र से संपर्क किया और उन्होंने तुरंत रात्रि करीब 8:30 बजे ब्लड बैंक पहुंचकर गर्भवती महिला मरीज के लिए 52वीं बार रक्तदान करके मानवता की मिसाल पेश की। और दूसरा रक्तदान ग्राम पाचौनी निवासी भावना शुक्ला जो जिला महिला चिकित्सालय में भर्ती थी और डॉक्टर ने एक यूनिट ब्लड के लिए कहा। कल रात्रि महिला के पति ने स्वयं अपना ब्लड अपनी पत्नी को दिया। लेकिन आज उनके परिवार में ओ निगेटिव ब्लड वाला नहीं था। जब व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से समिति के सदस्य को जानकारी मिली कि महिला चिकित्सालय में महिला मरीज को ओ निगेटिव ब्लड की आवश्यकता है तो उन्होंने समिति की तरफ से कृष्ण प्रताप पटेल से संपर्क किया और बताया की जिला महिला चिकित्सालय में भर्ती महिला मरीज को तत्काल ओ निगेटिव ब्लड की आवश्यकता है तो  उन्होंने अपने पुत्र हर्ष प्रताप पटेल को तुरंत ब्लड बैंक भेज कर पहली बार रक्तदान कराया। दोनों रक्तदाताओं ने रक्तदान करने के बाद कहा कि इस दुनिया का सर्वोत्तम दान रक्तदान है जो किसी की जिंदगी को बचा सकता है रक्तदान करना बहुत ही सराहनीय कार्य है क्योंकि रक्तदान करने से हमारे शरीर में नया खून बनता है और हमारा शरीर भी स्वस्थ रहता है इसलिए जब भी जरूरत पड़े किसी जरूरतमंद के लिए तो बिना संकोच किए बिना रक्तदान अवश्य करें। क्योंकि हमारे रक्तदान से किसी की जिंदगी को बचाया जा सकता है। दोनों रक्तदाताओं द्धारा रक्तदान करते समय जय अम्बे रक्तदान समिति ललितपुर (रजि.) के अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश व्यापार मंडल के युवा नगर अध्यक्ष दीपक राठौर, कर्मचारी यूनियन के जिलाध्यक्ष कन्हैयालाल रजक (पंचायत राज विभाग) चन्दन सिंह अहिरवार, बलराम राज, वेद शुक्ला, बाहुबली जैन, अरविंद कुमार, ब्लड बैंक से दीपेश राजा और आकाश राजपूत आदि मौजूद रहे।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!
google.com, pub-9022178271654900, DIRECT, f08c47fec0942fa0